मुख्यपृष्ठKrishna Bhajan चालो मन गंगा जमुना तीर।गंगा जमुना निरमल पाणी सीतल होत byरचनाकार •19 अक्टूबर 0 चालो मन गंगा जमुना तीर।गंगा जमुना निरमल पाणी सीतल होत सरीर।बंसी बजावत गावत कान्हो संग लियो बलबीर ||1||मोर मुगट पीताम्बर सोहे कुण्डल झलकत हीर।मीराके प्रभु गिरधर नागर चरण कंवल पर सीर ||2||जै श्री राधे कृष्ण🌺श्री कृष्णायसमर्पणं Tags: Krishna Bhajan Facebook Twitter